सेवा सहकारी समिति सक्ती के अध्यक्ष व सरपंच कृष्ण पटेल की मनमानी और भ्रष्टाचार के खिलाफ किसानों व जनप्रतिनिधियों का फूटा गुस्सा, धान खरीदी प्रभारी बदलने की उठी जोरदार मांग
अर्जुन गुप्ता, तेजस्वी न्यूज - सबसे तेज

सक्ती। ग्राम पंचायत कांदानारा के सरपंच एवं सेवा सहकारी समिति सक्ती के अध्यक्ष कृष्ण पटेल की मनमानी अब चरम पर पहुंच गई है। सरकारी पद का दुरुपयोग, फर्जी दस्तावेजों के सहारे धन का गबन और लगातार विवादों से घिरे रहने जैसे गंभीर आरोप उनके ऊपर पहले से ही दर्ज रहे हैं। अब एक और बड़ा मामला सामने आया है जिसने किसानों और जनप्रतिनिधियों में भारी आक्रोश पैदा कर दिया है।
सरपंच एवं समिति अध्यक्ष पटेल ने अड़भार शाखा अंतर्गत कर्रापाली के विक्रेता कौशलेंद्र जायसवाल से धान खरीदी प्रभारी बनाए जाने के लिए पैसो की लेन-देन कर उसके नाम की अनुशंसा कर दी। इस कदम को लेकर किसानों में गहरा रोष है, क्योंकि इसे धान खरीदी प्रक्रिया में भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने वाला कदम बताया जा रहा है।

धनीराम साहू को बनाया जाए धान खरीदी प्रभारी — कृषकों और जनप्रतिनिधियों की एकजुट मांग
सक्ती क्षेत्र के समस्त कृषक समिति के सदस्यों सहित कई जनप्रतिनिधियों ने धान खरीदी केन्द्र की व्यवस्था को पारदर्शी और सुचारू बनाए रखने के लिए सेवा सहकारी समिति सक्ती के प्रबंधक धनीराम साहू को धान खरीदी प्रभारी नियुक्त करने की जोरदार मांग की है। उनका कहना है कि धनीराम साहू अनुभवी और नियमों के अनुरूप कार्य करने वाले प्रबंधक हैं, जिनकी नियुक्ति से धान खरीदी कार्य बिना किसी विवाद और दबाव के पारदर्शिता के साथ संपन्न होगा।
किसानों का आरोप है कि यदि मनमानी नियुक्तियां इसी तरह जारी रहीं, तो धान खरीदी व्यवस्था प्रभावित होगी और किसान सीधे नुकसान झेलेंगे। इसलिए तत्काल हस्तक्षेप कर योग्य और सक्षम व्यक्ति को जिम्मेदारी दी जानी चाहिए।
क्षेत्र में माहौल गर्म — कार्रवाई की मांग तेज
लगातार विवादों में घिरे कृष्ण पटेल पर किसानों और आमजन ने कड़ी कार्रवाई की मांग भी की है। उनका कहना है कि भ्रष्टाचार और मनमानी को संरक्षण देना क्षेत्र के विकास के लिए सबसे बड़ा खतरा है। सक्ती में इस मुद्दे को लेकर चर्चाओं का दौर तेज है और आने वाले दिनों में यह मामला प्रशासनिक गलियारों में भी बड़ी हलचल मचा सकता है।









